1लगभग उहइ समइया ईसू सबित क दिन अनाजे क खेतन स होइके जात रहा। ओकरे चेलन क भूख लाग अउ गोहूँ क बाल तोड़ि क चबाइ लागेन।
1ܒܗܘ ܙܒܢܐ ܡܗܠܟ ܗܘܐ ܝܫܘܥ ܒܫܒܬܐ ܒܝܬ ܙܪܥܐ ܘܬܠܡܝܕܘܗܝ ܟܦܢܘ ܘܫܪܝܘ ܡܠܓܝܢ ܫܒܠܐ ܘܐܟܠܝܢ ܀
2फरीसियन अइसा होत देखिके कहेन, “देखा! तोहार चेलन उ करत अहइँ जेकर सबित क दिन करब मूसा क व्यवस्था क माफिक नाहीं।”
2ܦܪܝܫܐ ܕܝܢ ܟܕ ܚܙܘ ܐܢܘܢ ܐܡܪܝܢ ܠܗ ܗܐ ܬܠܡܝܕܝܟ ܥܒܕܝܢ ܡܕܡ ܕܠܐ ܫܠܝܛ ܠܡܥܒܕ ܒܫܒܬܐ ܀
3ऍह प ईसू ओनसे पूछेस, “का तू नाहीं पढ्या कि दाऊद अउर ओकर साथी, जब ओनका भूख लाग, का किहे रहेन?
3ܗܘ ܕܝܢ ܐܡܪ ܠܗܘܢ ܠܐ ܩܪܝܬܘܢ ܡܢܐ ܥܒܕ ܕܘܝܕ ܟܕ ܟܦܢ ܘܐܝܠܝܢ ܕܥܡܗ ܀
4उ परमेस्सर क घरे मँ घुसिके ओनके बरे चढ़ाई गइ पवित्तर रोतिन क कइसे खाए रहेन? तउ भी ओका अउर ओनके साथी संगी क ओकर खाब मूसा क व्यवस्था क खिलाफ रहा। ओका सिरिफ याजकन ही खाइ सकत रहेन।
4ܐܝܟܢܐ ܥܠ ܠܒܝܬܐ ܕܐܠܗܐ ܘܠܚܡܐ ܕܦܬܘܪܗ ܕܡܪܝܐ ܐܟܠ ܗܘ ܕܠܐ ܫܠܝܛ ܗܘܐ ܠܗ ܠܡܐܟܠ ܘܠܐ ܠܐܝܠܝܢ ܕܥܡܗ ܐܠܐ ܐܢ ܠܟܗܢܐ ܒܠܚܘܕ ܀
5मूसा क व्यवस्था मँ तू इ नाहीं पढ़्या कि सबित कि दिन मंदिर क याजक ही असिल मँ सबित क दिन बिगार देत हीं अउर फिन ओनका कउनो कछू नाहीं कहत।
5ܐܘ ܠܐ ܩܪܝܬܘܢ ܒܐܘܪܝܬܐ ܕܟܗܢܐ ܒܗܝܟܠܐ ܡܚܠܝܢ ܠܗ ܠܫܒܬܐ ܘܕܠܐ ܥܕܠܝ ܐܢܘܢ ܀
6मुला मइँ तोसे कहत हउँ, हियाँ जउन कउनो बाटइ उ मंदिर ते बड़वार बाटइ।
6ܐܡܪ ܐܢܐ ܠܟܘܢ ܕܝܢ ܕܪܒ ܡܢ ܗܝܟܠܐ ܐܝܬ ܗܪܟܐ ܀
7जदि तू पवित्तर सास्तर मँ जउन लिखा अहइ, ओका जानत ह, ‘मइँ मनइयन मँ दाया चाहत हउँ, पसुबलिदान नाहीं तउ तू ओनका दोखी नाहीं ? ठहरउत्या जउन निर्दोख अहइँ।
7ܐܠܘ ܕܝܢ ܝܕܥܝܢ ܗܘܝܬܘܢ ܡܢܘ ܚܢܢܐ ܨܒܐ ܐܢܐ ܘܠܐ ܕܒܚܬܐ ܠܐ ܡܚܝܒܝܢ ܗܘܝܬܘܢ ܠܐܝܠܝܢ ܕܕܠܐ ܥܕܠܝ ܐܢܘܢ ܀
8हाँ, मनई क पूत सबित क दिन क भी सुआमी अहइ।”
8ܡܪܗ ܓܝܪ ܕܫܒܬܐ ܐܝܬܘܗܝ ܒܪܗ ܕܐܢܫܐ ܀
9फिन उ हुवाँ स चला गवा अउर उनके आराधनालय मँ पहुँच गवा।
9ܘܫܢܝ ܡܢ ܬܡܢ ܝܫܘܥ ܘܐܬܐ ܠܟܢܘܫܬܗܘܢ ܀
10हुवाँ एक ठु मनई रहा, जेकर हाथ सुखंडी रहा। तउ मनइयन ईसू स पूछेन, “मूसा क व्यवस्था क माफिक सबित क दिन का कउनो क नीक करब ठीक अहइ?” उ सबई एह बरे ओसे पूछेन कि, उ पचे ओह प दोख लगाइ सकइँ।
10ܘܓܒܪܐ ܚܕ ܐܝܬ ܗܘܐ ܬܡܢ ܕܝܒܝܫܐ ܐܝܕܗ ܘܡܫܐܠܝܢ ܗܘܘ ܠܗ ܘܐܡܪܝܢ ܕܐܢ ܫܠܝܛ ܒܫܒܬܐ ܠܡܐܤܝܘ ܐܝܟ ܕܢܐܟܠܘܢ ܩܪܨܘܗܝ ܀
11मुला उ ओनका जबाव दिहेस, “मान ल्या, तोहमाँ स कउनो क लगे एक ही भेड़ बाटइ, अउर उ भेड़ सबित क दिन कउनो गड़हा मँ गिरि जात ही, तउ तू का ओका बाहेर न निकरब्या?
11ܗܘ ܕܝܢ ܐܡܪ ܠܗܘܢ ܡܢܘ ܡܢܟܘܢ ܓܒܪܐ ܕܐܝܬ ܠܗ ܥܪܒܐ ܚܕ ܘܐܢ ܢܦܠ ܒܚܒܪܐ ܒܝܘܡܐ ܕܫܒܬܐ ܠܐ ܐܚܕ ܘܡܩܝܡ ܠܗ ܀
12सच मनई तउ एक भेड़े स जिआदा बढ़के अहइ। यह बरे सबित क दिन मूसा क व्यवस्था भलाई करइ बरे अनुमति देत ह।”
12ܟܡܐ ܕܝܢ ܝܬܝܪ ܒܪܢܫܐ ܡܢ ܥܪܒܐ ܡܕܝܢ ܫܠܝܛ ܗܘ ܒܫܒܬܐ ܠܡܥܒܕ ܕܫܦܝܪ ܀
13तब ईसू उ सुखंडी हाथवाला मनई स कहेस, “आपन हथवा आगे बढ़ावा।” उ पूरी तरह स चँगा होइ गवा। ठीक उहइ तरह जइसे ओकर दूसर हाथ रहा।
13ܗܝܕܝܢ ܐܡܪ ܠܗܘ ܓܒܪܐ ܦܫܘܛ ܐܝܕܟ ܘܦܫܛ ܐܝܕܗ ܘܬܩܢܬ ܐܝܟ ܚܒܪܬܗ ܀
14तब फरीसियन हुवाँ स चला गएन अउर ओका मार डावइ क तरकीब गूंथइ मथइ लागेन।
14ܘܢܦܩܘ ܦܪܝܫܐ ܘܡܠܟܐ ܢܤܒܘ ܥܠܘܗܝ ܐܝܟ ܕܢܘܒܕܘܢܝܗܝ ܀
15ईसू इ जान गवा अउर हुवाँ स चला गवा। भारी भीड़ पाछे पाछे होइ गइ। उ ओनका चंगा करत
15ܝܫܘܥ ܕܝܢ ܝܕܥ ܘܫܢܝ ܠܗ ܡܢ ܬܡܢ ܘܐܙܠܘ ܒܬܪܗ ܟܢܫܐ ܤܓܝܐܐ ܘܐܤܝ ܠܟܠܗܘܢ ܀
16चिताउनी दिहस कि ओकरे बारे मँ मनइयन क कछू न बतावइँ।
16ܘܟܐܐ ܒܗܘܢ ܕܠܐ ܢܓܠܘܢܝܗܝ ܀
17इ एह बरे भवा कि नबी यसायाह पर्भू क बारे मँ जउन कछू कहेस ह, उ पूरा होइ जाइ:
17ܕܢܬܡܠܐ ܡܕܡ ܕܐܬܐܡܪ ܒܝܕ ܐܫܥܝܐ ܢܒܝܐ ܕܐܡܪ ܀
18“इ मोर सेवक अहइ, मइँ जेका चुनेउ हउँ। इ मोर पिआरा अहइ, ऍहसे मइँ आनंद मँ हउँ आपन आतिमा ऍह प मइँ रखियउँ सब देसन क सब मनइयन क इ निआव क एलान करी।
18ܗܐ ܥܒܕܝ ܕܐܨܛܒܝܬ ܒܗ ܚܒܝܒܝ ܕܤܘܚܬ ܒܗ ܢܦܫܝ ܪܘܚܝ ܐܤܝܡ ܥܠܘܗܝ ܘܕܝܢܐ ܠܥܡܡܐ ܢܟܪܙ ܀
19इ कबहुँ नाहीं चिचिआई, या झगड़ी ही मनइयन ऍका गली कूचा मँ न सुनिहइँ
19ܠܐ ܢܬܚܪܐ ܘܠܐ ܢܩܥܐ ܘܠܐ ܐܢܫ ܢܫܡܥ ܩܠܗ ܒܫܘܩܐ ܀
20उ सरते क न उ तोड़ीन इ बुझत दिया तलक उ न बुझाई डटा रही तब ताई जब ताईं निआव क जीत न होइ जाई।
20ܩܢܝܐ ܪܥܝܥܐ ܠܐ ܢܬܒܪ ܘܫܪܓܐ ܕܡܛܦܛܦ ܠܐ ܢܕܥܟ ܥܕܡܐ ܕܢܦܩ ܕܝܢܐ ܠܙܟܘܬܐ ܀
21तब फिन सबइ लोग आपन आसा ओहमाँ बँधिहीं, फिन उहइ नाउँ मँ।” यसायाह 42:1-4
21ܘܒܫܡܗ ܥܡܡܐ ܢܤܒܪܘܢ ܀
22फिन मनइयन ईसू क लगे एक अइसे अँधरे क लइ आएन जउन गूँगा भी रहा काहेकि ओहॅ प दुस्ट आतिमा क सवारी रही। ईसू ओका चंागा किहेस अउर एह बरे इ गूँगा अउर आँधर बोलइ अउर देखइ लाग।
22ܗܝܕܝܢ ܩܪܒܘ ܠܗ ܕܝܘܢܐ ܚܕ ܕܚܪܫ ܘܥܘܝܪ ܘܐܤܝܗ ܐܝܟܢܐ ܕܚܪܫܐ ܘܤܡܝܐ ܢܡܠܠ ܘܢܚܙܐ ܀
23ऍह प सबइ मनइयन अचरजे मँ पड़ि गएन अउर उ सबइ कहइ लागेन, “का इ मनई दाऊद क पूत होइ सकत ह”
23ܘܡܬܕܡܪܝܢ ܗܘܘ ܟܠܗܘܢ ܟܢܫܐ ܘܐܡܪܝܢ ܕܠܡܐ ܗܢܘ ܒܪܗ ܕܕܘܝܕ ܀
24जबहिं फरीसियन इ सुनेन तउ उ पचे कहेन, “इ दुस्ट आतिमन क ओनके सरदार बेल्जाबुल क सहारा स बाहरे निकारत ह।”
24ܦܪܝܫܐ ܕܝܢ ܟܕ ܫܡܥܘ ܐܡܪܝܢ ܗܢܐ ܠܐ ܡܦܩ ܫܐܕܐ ܐܠܐ ܒܒܥܠܙܒܘܒ ܪܫܐ ܕܕܝܘܐ ܀
25ईसू ओनके मनवा क बात जानि गवा अउर ओनसे कहेस, “हर राज्य जेहमाँ फूट परि जात ह, ओकर नास होइ जात ह। वइसे ही हर सहर या परिवार जेहमाँ फूट परि जात ह उ टिकइ नाहीं पावत।
25ܝܫܘܥ ܕܝܢ ܝܕܥ ܡܚܫܒܬܗܘܢ ܘܐܡܪ ܠܗܘܢ ܟܠ ܡܠܟܘ ܕܬܬܦܠܓ ܥܠ ܢܦܫܗ ܬܚܪܒ ܘܟܠ ܒܝ ܘܡܕܝܢܐ ܕܢܬܦܠܓ ܥܠ ܢܦܫܗ ܠܐ ܢܩܘܡ ܀
26तउ सइतान ही खुद आपन क बाहेर कइसे निकारी फिन तउ ओहमाँ आपन खिलाफ फूट पड़ि जाई। तउ ओकर राज्य कइसे बना रहि पाई।
26ܘܐܢ ܤܛܢܐ ܠܤܛܢܐ ܡܦܩ ܥܠ ܢܦܫܗ ܐܬܦܠܓ ܐܝܟܢܐ ܗܟܝܠ ܩܝܡܐ ܡܠܟܘܬܗ ܀
27अगर इ सच अहइ कि मइँ बेल्जाबुल क सहारा स दुस्ट आतिमन क खदेरत हउँ तउ तोहार मनवइया कउने सहारा स ओनका बाहेर खदेरत हीं? तउ तोहार आपन मनवइया ही सिद्ध करिहीं कि तू गलत अहा।
27ܘܐܢ ܐܢܐ ܒܒܥܠܙܒܘܒ ܡܦܩ ܐܢܐ ܕܝܘܐ ܒܢܝܟܘܢ ܒܡܢܐ ܡܦܩܝܢ ܠܗܘܢ ܡܛܠ ܗܢܐ ܗܢܘܢ ܢܗܘܘܢ ܠܟܘܢ ܕܝܢܐ ܀
28मइँ दुस्ट आतिमन क परमेस्सर क आतिमा क सक्ती स निकारत हउँ। ऍहसे इ सिद्ध होत ह कि परमेस्सर क राज्य तोहरे निअरे आइ ग अहइ।
28ܘܐܢ ܒܪܘܚܐ ܕܐܠܗܐ ܐܢܐ ܡܦܩ ܐܢܐ ܕܝܘܐ ܩܪܒܬ ܠܗ ܥܠܝܟܘܢ ܡܠܟܘܬܐ ܕܐܠܗܐ ܀
29“फिन कउन कउनो जबरा क घरवा मँ घुसिके ओकर माल कइसे चोरॉइ सकत ह, जब तलक उ जबरा क पहिले बाँध न देइ। तबहिं उ ओकरे घरवा क लूटि सकत ह।
29ܐܘ ܐܝܟܢܐ ܐܢܫ ܡܫܟܚ ܕܢܥܘܠ ܠܒܝܬ ܚܤܝܢܐ ܘܡܐܢܘܗܝ ܢܒܘܙ ܐܠܐ ܐܢ ܠܘܩܕܡ ܢܐܤܪܝܘܗܝ ܠܚܤܝܢܐ ܘܗܝܕܝܢ ܒܝܬܗ ܢܒܘܙ ܀
30“जउन मोर संग नाहीं उ हमरे खिलाफ बाटइ। अउर जउन अलगाइ भई भेड़न क बटोरइ मँ मोर मदद नाहीं करत, उ ओनका अलगावत ह।
30ܡܢ ܕܠܐ ܗܘܐ ܥܡܝ ܠܘܩܒܠܝ ܗܘ ܘܡܢ ܕܠܐ ܟܢܫ ܥܡܝ ܡܒܕܪܘ ܡܒܕܪ ܀
31एह बरे मइँ तोहसे कहत हउँ कि सब मनइयन क किस्म किस्म क निन्दा अउर पापन्क छमा कइ दीन्ह जाइ मुला पवित्तर आतिमा क निन्दा क छमा किन्ह न जाई।
31ܡܛܠ ܗܢܐ ܐܡܪ ܐܢܐ ܠܟܘܢ ܕܟܠ ܚܛܗܝܢ ܘܓܘܕܦܝܢ ܢܫܬܒܩܘܢ ܠܒܢܝܢܫܐ ܓܘܕܦܐ ܕܝܢ ܕܥܠ ܪܘܚܐ ܠܐ ܢܫܬܒܩ ܠܒܢܝܢܫܐ ܀
32कउनउ मनई क पूत क खिलाफ जदि कछू कहत ह तउ ओका छमा कीन्ह जाइ सकत ह, मुला पवित्तर आतिमा क खिलाफ कउनो कछू कहइ तउ ओका छमा न कीन्ह जाई। न तउ इ युग मँ अउर न आवइवाला युगे माँ।
32ܘܟܠ ܡܢ ܕܢܐܡܪ ܡܠܬܐ ܥܠ ܒܪܗ ܕܐܢܫܐ ܢܫܬܒܩ ܠܗ ܟܠ ܕܝܢ ܕܥܠ ܪܘܚܐ ܕܩܘܕܫܐ ܢܐܡܪ ܠܐ ܢܫܬܒܩ ܠܗ ܠܐ ܒܥܠܡܐ ܗܢܐ ܘܠܐ ܒܥܠܡܐ ܕܥܬܝܕ ܀
33“तू लोग जानत ह कि बढ़िया फरे बरे तोहका बढ़िया बृच्छ रोपइ चाही। मुला बृच्छ बुरा अहइ तउ बुरा फर देइ। काहेकि बृच्छ आपन फरे स जाना जात ह।
33ܐܘ ܥܒܕܘ ܐܝܠܢܐ ܫܦܝܪܐ ܘܦܐܪܘܗܝ ܫܦܝܪܐ ܐܘ ܥܒܕܘ ܐܝܠܢܐ ܒܝܫܐ ܘܦܐܪܘܗܝ ܒܝܫܐ ܡܢ ܦܐܪܘܗܝ ܗܘ ܓܝܪ ܡܬܝܕܥ ܐܝܠܢܐ ܀
34अरे हे कीरा क बचवन! जब तू खुदइ बुरा अहा तउ नीक बातन कइसे कहि सकत ह मनई क सब्द जउन ओकरे मनवा मँ भरा अहइ, उहइ स निकरत ही।
34ܝܠܕܐ ܕܐܟܕܢܐ ܐܝܟܢܐ ܡܫܟܚܝܢ ܐܢܬܘܢ ܛܒܬܐ ܠܡܡܠܠܘ ܕܒܝܫܐ ܐܢܬܘܢ ܡܢ ܬܘܬܪܝ ܠܒܐ ܓܝܪ ܡܡܠܠ ܦܘܡܐ ܀
35एक नीक मनई मनवा क नीक भंडारे स नीक बातन निकारत ह अउर बुरा मनई बुरी बातन क निकारत ह जउन मनवा क भंडारे मँ एकट्ठा रहत हीं।
35ܓܒܪܐ ܛܒܐ ܡܢ ܤܝܡܬܐ ܛܒܬܐ ܡܦܩ ܛܒܬܐ ܘܓܒܪܐ ܒܝܫܐ ܡܢ ܤܝܡܬܐ ܒܝܫܬܐ ܡܦܩ ܒܝܫܬܐ ܀
36अउ मइँ तू सब जने के बतावन हउँ कि निआव क दिन हर मनई क लापरवाही स बोली गइ बातन क हिसाब देइ क होई।
36ܐܡܪ ܐܢܐ ܠܟܘܢ ܓܝܪ ܕܟܠ ܡܠܐ ܒܛܠܐ ܕܢܐܡܪܘܢ ܒܢܝ ܐܢܫܐ ܢܬܠܘܢ ܦܬܓܡܗ ܒܝܘܡܐ ܕܕܝܢܐ ܀
37तोहरे बातन क ऊपर तोहका निर्दोख अउर दोखी ठहराइ जाई।”
37ܡܢ ܡܠܝܟ ܓܝܪ ܬܙܕܕܩ ܘܡܢ ܡܠܝܟ ܬܬܚܝܒ ܀
38फिन कछू धरम सास्तिरियन अउर फरीसियन ओसे कहेन, “गुरु, हम पचे तोसे अद्भुत चीन्हा परगट करइ चाहित ह।”
38ܗܝܕܝܢ ܥܢܘ ܐܢܫܐ ܡܢ ܤܦܪܐ ܘܡܢ ܦܪܝܫܐ ܘܐܡܪܝܢ ܠܗ ܡܠܦܢܐ ܨܒܝܢ ܚܢܢ ܕܢܚܙܐ ܡܢܟ ܐܬܐ ܀
39ईसू ओनसे जवाबे मँ कहेस, “इ जुग क बुरा अउर दुराचारी पीढ़ी क मनई अद्भुत चीन्हा देखा चाहत हीं। नबी योना क अद्भुत चीन्हा तजिके ओनका अउर कउनो अद्भुत चीन्हा न दीन्ह जाई।
39ܗܘ ܕܝܢ ܥܢܐ ܘܐܡܪ ܠܗܘܢ ܫܪܒܬܐ ܒܝܫܬܐ ܘܓܝܪܬܐ ܐܬܐ ܒܥܝܐ ܘܐܬܐ ܠܐ ܬܬܝܗܒ ܠܗ ܐܠܐ ܐܬܗ ܕܝܘܢܢ ܢܒܝܐ ܀
40अउ जइसे योना तीन दिना अउर तीन रात उ समुद्री जीव क पेटवा मँ रहा, वइसे ही मनई क पूत तीन दिन अउर तीन रात धरती प रही।
40ܐܝܟܢܐ ܓܝܪ ܕܗܘܐ ܝܘܢܢ ܒܟܪܤܗ ܕܢܘܢܐ ܬܠܬܐ ܝܘܡܝܢ ܘܬܠܬܐ ܠܝܠܘܢ ܗܟܢܐ ܢܗܘܐ ܒܪܗ ܕܐܢܫܐ ܒܠܒܗ ܕܐܪܥܐ ܬܠܬܐ ܐܝܡܡܝܢ ܘܬܠܬܐ ܠܝܠܘܢ ܀
41निआव क दिन निनेवा क रहइवाले आज क पीढ़ी क मनई क संग खड़ा होइहीं अउर दोखी ठहरइहीं। काहेकि निनेवा क मनई योना क उपदेस स मनफिराव करे रहेन अउर हियाँ तउ कउनो योना स बड़वार हाजिर अहइँ।
41ܓܒܪܐ ܢܝܢܘܝܐ ܢܩܘܡܘܢ ܒܕܝܢܐ ܥܡ ܫܪܒܬܐ ܗܕܐ ܘܢܚܝܒܘܢܗ ܕܗܢܘܢ ܬܒܘ ܒܟܪܘܙܘܬܗ ܕܝܘܢܢ ܘܗܐ ܕܪܒ ܡܢ ܝܘܢܢ ܬܢܢ ܀
42निआव क दिन दक्खिन क रानी इ पीढ़ी क मनइयन क संग खड़ी होई अउर ओनका दोखी ठहराई, काहेकि उ धरती क दूसर छोर स सुलैमान क उपदेस सुनइ बरे आइ रही अउर हियाँ तउ कउनउ सुलैमान स भी बड़वार हाजिर अहइ।
42ܡܠܟܬܐ ܕܬܝܡܢܐ ܬܩܘܡ ܒܕܝܢܐ ܥܡ ܫܪܒܬܐ ܗܕܐ ܘܬܚܝܒܝܗ ܕܐܬܬ ܡܢ ܥܒܪܝܗ ܕܐܪܥܐ ܕܬܫܡܥ ܚܟܡܬܗ ܕܫܠܝܡܘܢ ܘܗܐ ܕܝܬܝܪ ܡܢ ܫܠܝܡܘܢ ܗܪܟܐ ܀
43“जब कउनउ दुस्ट आतिमा कउनो मनई क छोड़ देत ह तउ उ आराम खोजइ बरे झुरान धरती प ढूँढ़त फिरत ह, मुला उ ओका मिल नाहीं पावत।
43ܐܡܬܝ ܕܝܢ ܕܪܘܚܐ ܛܢܦܬܐ ܬܦܘܩ ܡܢ ܒܪܢܫܐ ܡܬܟܪܟܐ ܒܐܬܪܘܬܐ ܕܡܝܐ ܠܝܬ ܒܗܘܢ ܘܒܥܝܐ ܢܝܚܐ ܘܠܐ ܡܫܟܚܐ ܀
44तब उ कहत ह, ‘जउन घरे क मइँ छोड़ दिहेउँ, मइँ फिन उहइँ लौटि हउँ।’ तउ उ लौटत ह अउर ओका अब ताईं खाली अउ साफ स्थर अउर सजा भवा पावत ह।
44ܗܝܕܝܢ ܐܡܪܐ ܐܗܦܘܟ ܠܒܝܬܝ ܡܢ ܐܝܟܐ ܕܢܦܩܬ ܘܐܬܝܐ ܡܫܟܚܐ ܕܤܪܝܩ ܘܚܡܝܡ ܘܡܨܒܬ ܀
45फिन उ लौटत ह अउ आपन संग सात अउ दुस्ट आतिमन क लइ आवत ह जउन ओसे भी बुरी होत हीं। फिन उ सबइ आइके हुवाँ रहइ लागत हीं। अउर उ मनई क हालत पहिले स जिआदा खौफनाक होत ह। आज क इ खराब पीढ़ी क मनइयन क दसा अइसी बाटइ।”
45ܗܝܕܝܢ ܐܙܠܐ ܕܒܪܐ ܥܡܗ ܫܒܥ ܪܘܚܐ ܐܚܪܢܝܢ ܕܡܢܗ ܒܝܫܢ ܘܥܐܠܢ ܘܥܡܪܢ ܒܗ ܘܗܘܝܐ ܚܪܬܗ ܕܓܒܪܐ ܗܘ ܒܝܫܐ ܡܢ ܩܕܡܝܬܗ ܗܟܢܐ ܢܗܘܐ ܠܗ ܠܫܪܒܬܐ ܗܕܐ ܒܝܫܬܐ ܀
46ईसू अबहिं भिड़िया क मनइयन स बातन कर रहा कि ओकर महतारी अउर भाइयन हुवाँ अइके बाहेर खड़ा होइ गएन। उ पचे ईसू स बात करइ बरे इंतजार करत रहेन।
46ܟܕ ܗܘ ܕܝܢ ܡܡܠܠ ܠܟܢܫܐ ܐܬܘ ܐܡܗ ܘܐܚܘܗܝ ܩܝܡܝܢ ܠܒܪ ܘܒܥܝܢ ܕܢܡܠܠܘܢ ܥܡܗ ܀
47कउनो ईसू स कहेस, “सुना तोहार महतारी अउर तोहार भाइयन खड़ा बाटेन अउर तोसे बात करइ चाहत हीं।”
47ܐܡܪ ܠܗ ܕܝܢ ܐܢܫ ܗܐ ܐܡܟ ܘܐܚܝܟ ܩܝܡܝܢ ܠܒܪ ܘܒܥܝܢ ܕܢܡܠܠܘܢ ܥܡܟ ܀
48जवाबे मँ ईसू बात करइवालन स कहेस, “कउन अहइ मोर महतारी, अउ कउन अहइ मोर भाइयन?”
48ܗܘ ܕܝܢ ܥܢܐ ܘܐܡܪ ܠܡܢ ܕܐܡܪ ܠܗ ܡܢ ܗܝ ܐܡܝ ܘܡܢ ܐܢܘܢ ܐܚܝ ܀
49फिन आपन हथवा स चेलन कइँती सनकावत कहेस, “इ अहइँ मोर महतारी अउर मोर भाइयन।
49ܘܦܫܛ ܐܝܕܗ ܠܘܬ ܬܠܡܝܕܘܗܝ ܘܐܡܪ ܗܐ ܐܡܝ ܘܗܐ ܐܚܝ ܀ 50 ܟܠܢܫ ܓܝܪ ܕܥܒܕ ܨܒܝܢܗ ܕܐܒܝ ܕܒܫܡܝܐ ܗܘܝܘ ܐܚܝ ܘܚܬܝ ܘܐܡܝ ܀
50हाँ सरगे मँ रहवइया मोरे परमपिता क इच्छा प जउन कउनो चलत ह, उहइ मोर भाई, बहिन अउर महतारी अहइ।”
50